AEU NEWS24

अजमेर में मूसलाधार बारिश… सड़कें नहर में तब्दील, जानें अभी कब तक होगी तेज बरसात

राजस्थान में भारी बारिश का दौर जारी है, इस बीच अजमेर से तेज बारिश की खबर है। शनिवार के बाद रविवार को भी अजमेर में तेज बारिश हुई, ऐसे में शहर की प्रमुख सड़कें नहरों में तब्दील हो गईं।
अजमेर। रविवार सुबह अजमेर शहर में हुई तेज बारिश ने जनजीवन को खासा प्रभावित कर दिया। सुबह हल्की बूंदाबांदी के साथ शुरू हुआ मौसम अचानक तेज बारिश में बदल गया। करीब एक घंटे की तेज बरसात के बाद शहर की मुख्य सड़कें जलमग्न हो गईं। गंज, महावीर सर्कल, मदार गेट और रेलवे स्टेशन मार्टिंडल ब्रिज के नीचे भारी जलभराव देखने को मिला। कई जगहों पर पानी का स्तर इतना बढ़ गया कि दोपहिया वाहन और राहगीरों को निकलने में परेशानी हुई।

ऐसे में लोगों को कुछ जगहों पर कीचड़ और पानी से होकर गुजरना पड़ा। कई वाहन पानी में बंद हो गए, जिन्हें धक्का लगाकर निकालना पड़ा। नगर निगम की ओर से निकासी की व्यवस्थाओं के दावे एक बार फिर बारिश की तेज बौछारों के सामने धराशायी होते नजर आए।

शनिवार को भी हुई थी तेज बारिश
अजमेर में शनिवार को भी इसी तरह का मौसम बना रहा था। सुबह बारिश के बाद दिनभर रिमझिम फुहारें पड़ती रहीं। रविवार को भी तेज बारिश के बाद हल्की-हल्की रिमझिम का सिलसिला जारी है। मौसम विभाग के अनुसार, अजमेर सहित आसपास के जिलों में मानसून सक्रिय है, आगामी दिनों में भी बारिश का दौर जारी रह सकता है।

अजमेर में 2 दिन और होगी तेज बरसात
मौसम विभाग के मुताबिक, आगामी 2 दिनों तक अजमेर और आसपास के जिलों में तेज बारिश का दौर जारी रहेगा। इसके बाद बारिश में कमी आने की संभावना है। फिलहाल, उत्तर प्रदेश और आसपास के क्षेत्रों में परिसंचरण तंत्र एक्टिव होने की वजह से लगभग पूरे प्रदेश में इन दिनों तेज बारिश का दौर जारी है। मौसम विभाग ने अजमेर के लिए 26 अगस्त तक ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। 27 अगस्त को येलो अलर्ट है।

तापमान में गिरावट
बारिश से जहां लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ा, वहीं मौसम सुहावना हो गया। तापमान में गिरावट दर्ज की गई और उमस से राहत मिली। शहरवासियों ने घरों की बालकनियों और छतों से बारिश का आनंद लिया। कुछ जगहों पर बच्चे भी पानी में खेलते नजर आए।

जल निकासी की समस्या
हालांकि, अचानक हुई इस बारिश ने यातायात व्यवस्था को बुरी तरह प्रभावित किया। प्रमुख बाजार क्षेत्रों और सड़कों पर जाम की स्थिति बन गई। रेलवे स्टेशन के आसपास पानी भरने से यात्रियों को आने-जाने में परेशानी का सामना करना पड़ा। स्थानीय लोगों का कहना है कि हर साल मानसून के दौरान यही स्थिति बनती है, लेकिन जल निकासी की स्थायी व्यवस्था नहीं होने से आमजन को दिक्कत झेलनी पड़ती है।

Post a Comment

Previous Post Next Post